प्रेम वही कर सकता है जिसमें परित्याग की भावना हो
और जीवन वही दे सकता है जिसमें दर्द सहने की संभावना हो
और जीवन वही दे सकता है जिसमें दर्द सहने की संभावना हो
हर कोई कहाँ काबिल होता है जिम्मेदारी उठाने को
जिम्मेदार तो वही बन सकता है जिसमें संघर्षरत रहने की आशा हो
©किशोर कुणाल
जिम्मेदार तो वही बन सकता है जिसमें संघर्षरत रहने की आशा हो
©किशोर कुणाल
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें